बुधवार, 14 फ़रवरी 2018

नारी

करब मान सम्मान नारी के
कैह-कैह करै छि पाप
जाहि कोख सँ जनम लेलौं
बनेलौं ताहि के श्राप......
करै छि नारी के सम्मान.........
करै छि नारी के..........
झूठा वादा झूठा इरादा
फसेलौं कही-कही क नयाँ रीत
भावना के नरम गाथा गा कs
बनलौं आँहा पतित
कहै छि,
करै छि नारी के सम्मान
करै छि नारी के.........
वाह रे दुनियाँ ढोंगी पाखण्डी
देखलियौ तोरो कहानी
रामायण आ महाभारत के सुनलियौ
तोरो कहानी...
नारी के तू सम्मान करै छें
विवाह कs छोड़बै छे घर परिवार
चाहि उल्टे सोना टिकिया
चाही पलंग केवार
करै छे नारी के सम्मान..
करै छे नारी के........
                
                   【बाँकी भाग दोशर दिन】
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                  ©  कुमार अभिजीत आनंद......
    
                     

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